किशोर में पढ़ने का जुनून देख जज ने सुनाया रिहाई का फरमान, सवालों के सही जवाब सुनकर इंप्रेस हुए प्रधान दंडाधिकारी
मारपीट मामलों में आरोपित किशोर को जज ने उसकी पढ़ाई के प्रति लगन व जुनून को देख रिहा कर दिया। शुक्रवार को किशोर न्याय परिषद के प्रधान दंडाधिकारी मानवेंद्र मिश्र ने आरोपित किशोर से सुनवाई के दौरान पढ़ाई से संबंधित कई सवाल किए। उसका उत्तर सुनकर वे काफी प्रभावित हुए और उसके उज्जवल भविष्य को देखते हुए केस में आगे की कार्रवाई बंद करते हुए रिहाई का फरमान सुना दिया।
इस फैसले पर परिषद सदस्य ऊषा कुमारी ने भी सहमति दी। अभियोजन की ओर से एपीओ जयप्रकाश ने अपना पक्ष रखा। किशोर के अधिवक्ता मनोज कुमार ने बताया कि 24 जून 2021 को 11 बजे दिन में सूचिका के साथ किशोर के माता-पिता व चाची-चाचा ने मिलकर गाली गलौज करते हुए मारपीट करने का आरोप लगाया गया था। किशोर हरियाणा के पंचकुला स्थित इंजीनियरिंग कॉलेज में डिप्लोमा की पढ़ाई कर रहा है।
सीबीएसई से मैट्रिक पास किशोर डिप्लोमा की पढ़ाई में प्रथम सेमेस्टर में 78 फीसदी अंक लाया है। दूसरे सेमेस्टर की परीक्षा 15 दिसंबर से होनी है। उन्होंने मुकदमे को लेकर पढ़ाई में बाधा होने की बातें न्यायालय से बतायी। आरोपित किशोर का कोई अपराधिक इतिहास नहीं रहा है। उन्होंने बताया कि सूचिका एवं आरोपी किशोर के माता-पिता दोनों पड़ोसी हैं और मुकदमे में सुलह हो गया है।
कोई टिप्पणी नहीं
बिहार खबर (SUBHAKAR MEDIA PRIVATE LIMITED) वेबसाइट पर कॉमेंट करने के लिए धन्यवाद।